टेलीमेडिसिन का मतलब यह है कि मरीज को घर बैठे ही डॉक्टर फोन कॉल, व्हाट्सऐप, मोबाइल मैसेज, वीडियो कॉलिंग के जरिए डॉक्टर और मरीज आपस में बातचीत कर पाते हैं

Consumer News In Hindi : Insurance ; Telemedicine ; Now the cost of telemedicine will also be covered in the health insurance policy, the doctor will also get a consultation on the phone-video call. | अब टेलीमेडिसिन का खर्चा भी हेल्थ इंश्योरेंस पॉलिसी में होगा कवर, फोन-वीडियो कॉल पर डॉक्‍टर से परामर्श का भी मिलेगा क्‍लेम

  • कोविड-19 के कारण लोग घर से नहीं निकल पा ऐसे में ये टेलीमेडिसिन सुविधा बहुत मददगार साबित हुई है
  • इससे मरीज को बार-बार अस्पताल ले जाने की समस्या से निजात मिलेगी

दैनिक भास्कर

Jun 13, 2020, 08:30 AM IST

नई दिल्ली. भारतीय बीमा विकास व नियामक प्राधिकरण (इरडा) ने हेल्थ इंश्योरेंस लेने वालों को बड़ी रहत दी है। इसके तहत अब टेलीमेडिसिन के खर्च को भी इंश्योरेंस पॉलिसी के तहत क्लेम किया जा सकेगा। अभी तक इसे पॉलिसी के कवर नहीं किया जाता था। अब पॉलिसी धारक फोन या वीडियो चैट से डॉक्टर से परामर्श ले सकेंगे जिसका खर्च हेल्थ इंश्योरेंस में कवर होगा। कोविड-19 के कारण लोग घर से नहीं निकल पा ऐसे में ये सुविधा बहुत मददगार साबित हुई है।

नहीं लेनी होगी बीमा कंपनी के इजाजत
इरादा ने कहा है कि टेलीमेडिसिन का खर्च भी क्लेम का हिस्सा होगा और इसके लिए बीमा धारक को कंपनी के अलग से इजाजत नहीं लेनी होगी। इसके अलावा इरडा ने कहा है कि अक्टूबर से फाइल होने वाले प्रोडक्ट्स में फार्मेसी, इंप्लांट और डायग्नोस्टिक एसोसिएट मेडिकल खर्च में शामिल नहीं होंगे।

ICMR भी पहले ही दे चुका है टेलीमेडिसिन की इजाजत
इंडियन काउंसिल ऑफ मेडिकल रिसर्च (ICMR) ने 25 मार्च को टेलीमेडिसिन पर गाइडलाइन जारी कर कहा था कि डॉक्टरों और बीमार लोगों के बचाव के लिए टेलीफोन पर चिकित्सा परार्श दिया जा सकता है। इसके बाद ही टेलीमेडिसिन पर होने वाले खर्च को इंश्योरेंस पॉलिसी के तहत आने वाले क्लेम में शामिल करने का दबाव बढ़ने लगा था। 

क्या है टेलीमेडिसिन?
डॉक्टर जब किसी मरीज से दूर रहकर भी मोबाइल फोन और इंटरनेट का इस्तेमाल करके उसका इलाज करते हैं तो उसे ही टेलीमेडिसिन कहते हैं। डिजिटल कैमरा और एक खास सॉफ्टवेयर वगैरह का भी इसमें इस्तेमाल किया जाता है।

इससे क्या फायदा होगा?
इससे मरीज को बार-बार अस्पताल ले जाने की समस्या से निजात मिल जाती है। दूरदराज में रहने वाले मरीजों व उनके तीमारदारों को इससे काफी सहूलियत होती है। खासकर किडनी डायलिसिस में टेलीमेडिसिन को बहुत कारगर पाया गया है। इस पर आने वाला खर्च भी बहुत कम बैठता है।

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